हे राम!
महात्मा पुण्यात्मा
कलयुग के कृष्ण
शब्द में राम, जपते गए
ईश्वर अल्लाह!तेरो नाम
हुए विराट तुम पुरूष प्रबल
क्षमाशील औ’ कांति धवल

बापू
लाते थे शांति से क्रांति
बापू तुम दुनिया के कूलेस्ट सूपरहीरो थे
सबसे सहज सरल हरदम उपलब्ध
बाहें फैलाये सबसे मिलते थे
सुख दुःख सुनते थे
बापू तुम कितने अच्छे थे

आना दोबारा
पर दुःख कातर नाम तुम्हारा
बापू दुनिया में आना दोबारा

  • Pragya

यदा यदा हि धर्मस्य ग्लानिर्भवति भारत।
अभ्युत्थानमधर्मस्य तदात्मानं सृजाम्यहम् ॥४-७॥
परित्राणाय साधूनां विनाशाय च दुष्कृताम् ।
धर्मसंस्थापनार्थाय सम्भवामि युगे युगे ॥४-८॥

तस्वीर- साभार सुख़नवर

बापू